ब्रेकिंग न्यूज़

कपूरथला में महिला से मारपीट मामले में नया मोड़...

- पीड़ित परिवार आया सामने, पति का आरोप-20 हजार देकर समझौते का बना रहे दबाव 

- सिटी थाना पुलिस ने भी कलमबंद किए पीड़ित महिला के बयान 

खबरनामा इंडिया बबलू। कपूरथला   

पंजाब के कपूरथला में माता भद्रकाली मंदिर के बाहर एक लाचार मां और उसके मासूम बच्चों के साथ चप्पलों और लातों से मारपीट के वायरल वीडियो मामले में अब बेहद चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। पीड़ित परिवार के सामने आने के बाद इस मामले में एक और गंभीर आरोप सामने आया है। पीड़िता के पति ने आरोप लगाया है कि आरोपी दुकानदार के पिता और कुछ अन्य प्रभावशाली लोग उनके घर पहुंचे और उन्हें धमकाते हुए मामला रफा-दफा करने का दबाव बनाया। पति के मुताबिक, उन्हें 20 हजार रुपये देकर चुप रहने और आगे कार्रवाई न करने के लिए कहा गया। 

वहीँ सिटी थाना SHO रणजीत सिंह ने बताया कि पीड़ित महिला के बयान कलमबंद कर लिए है। और आरोपी की गिरफ़्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।  

- बच्चे ने बताई पूरी घटना

पीड़ित महिला के 9 वर्षीय बेटे ने बताया कि दो दिन पहले भी खेलते समय एक बाइक से उसका संपर्क हो गया था और बाइक नीचे गिर गई थी। बच्चे के मुताबिक, बाइक किसी श्रद्धालु की थी और उस व्यक्ति ने उसे कुछ नहीं कहा, लेकिन आरोपी दुकानदार ने उसे बुरी तरह पीटा था।

बच्चे ने बताया कि घटना वाले दिन उसने अनजाने में एक बाइक का शीशा छू दिया था, जिससे वह थोड़ा टेढ़ा हो गया। उसे पता नहीं था कि बाइक दुकानदार की है। बच्चे के अनुसार उसने शीशा तुरंत सीधा कर दिया, लेकिन दुकानदार दुकान से बाहर आया और उसे गालियां देने लगा।

- बच्चे को गालियां देने से रोका तो मां पर टूट पड़ा आरोपी

पीड़िता के मुताबिक, उसने आरोपी से केवल इतना कहा कि छोटे बच्चे को गालियां न दें और उसे समझा दें। महिला का आरोप है कि इसी बात पर आरोपी भड़क गया और उसके साथ अभद्रता करते हुए चप्पलों और लातों से मारपीट शुरू कर दी।

महिला ने बताया कि उस समय उसकी गोद में करीब एक साल की दूधमुंही बच्ची थी। बच्ची डर के कारण रोती रही, लेकिन आरोपी ने कथित तौर पर इसकी भी परवाह नहीं की और महिला के साथ मारपीट करता रहा।

वायरल वीडियो में भी महिला जमीन पर बैठी अपनी बच्ची को सीने से लगाए खुद को बचाने की गुहार लगाती दिखाई दे रही है। घटना का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर भी लोगों में भारी रोष देखने को मिला था।

- पति का गंभीर आरोप-घर पहुंचकर दी धमकी, 20 हजार देकर चुप रहने को कहा

पीड़िता के पति ने आरोप लगाया कि घटना के बाद आरोपी दुकानदार का पिता और कुछ अन्य लोग उनके घर पहुंचे। पति के मुताबिक, उन्होंने परिवार को कथित तौर पर धमकाया और कहा कि अगर मामला आगे बढ़ाया गया तो इसका अंजाम बुरा होगा।

पति का दावा है कि इसी दौरान उन्हें 20 हजार रुपये देकर मामला यहीं खत्म करने और मुंह बंद रखने का दबाव बनाया गया। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस जांच के बाद ही आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।

- वाल्मीकि समाज ने खोला मोर्चा

वहीं, इस घटना को लेकर वाल्मीकि समाज में भी रोष बढ़ गया है। समाज के नेता चरणजीत हंस ने पीड़ित परिवार के समर्थन में सामने आते हुए पुलिस-प्रशासन से आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।

चरणजीत हंस ने कहा कि सरेआम एक गरीब मां को उसके बच्चों के सामने लातों और चप्पलों से पीटा जाता है और इसके बाद कथित तौर पर आरोपी पक्ष द्वारा परिवार पर समझौते का दबाव बनाया जाता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि आरोपी को तुरंत गिरफ्तार नहीं किया गया तो वाल्मीकि समाज सड़कों पर उतरकर चक्का जाम और आंदोलन करेगा। 

मामले में सामने आए 20 हजार रुपये देकर समझौते के दबाव और धमकी के आरोप भी जांच का अहम हिस्सा बन सकते हैं। यदि ये आरोप सही पाए जाते हैं तो पुलिस को आरोपी पक्ष के खिलाफ अतिरिक्त कानूनी कार्रवाई पर भी विचार करना पड़ सकता है।

फिलहाल ऐतिहासिक मंदिर के बाहर हुई इस घटना ने कानून-व्यवस्था के साथ-साथ इंसानियत को भी कटघरे में खड़ा कर दिया है। एक मां अपनी गोद में मासूम बच्ची को लेकर मदद की गुहार लगाती रही और उसका 9 वर्षीय बच्चा भी कथित मारपीट और गाली-गलौज का शिकार होने की बात कह रहा है। अब देखना होगा कि पुलिस इस मामले में आगे क्या कार्रवाई करती है और पीड़ित परिवार को कब तक इंसाफ मिलता है। 

No comments